भारत के मुख्य राजवंश

वर्धन वंश/पुष्यभूति वंश का इतिहास और मुख्य शासक.

पुष्यभूति वंश का इतिहास/वर्धन वंश (Pushyabhuti Vansh History In Hindi):- पुष्यभूति वंश का संस्थापक “पुष्यभूति” था, जिन्होंने छठी शताब्दी में “पुष्यभूति वंश” की स्थापना की थी. गुप्त वंश या साम्राज्य के पतन के साथ इस वंश का उदय हुआ. हूणों के साथ हुए ऐतिहासिक युद्धों के चलते इस वंश ने संपूर्ण भारत में ख्याति प्राप्त …

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मैत्रक वंश का इतिहास

मैत्रक वंश का इतिहास और उत्पत्ति.

मैत्रक वंश का इतिहास Maitrak Vansh History In Hindi- मैत्रक वंश का इतिहास 5वीं शताब्दी से लेकर 8वीं शताब्दी तक देखने को मिलता है. मैत्रक वंश के शासकों ने गुजरात और सौराष्ट्र (काठियावाड़) में शासन किया था. इस वंश के शासकों ने बहुत धार्मिक कार्य किए. इनका शासनकाल बौद्ध धर्म के लिए विशेष माना जाता …

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पश्चिमी गंग वंश का इतिहास और संस्थापक.

पश्चिमी गंग वंश का इतिहास ( Paschimi Gang Vansh History In Hindi)- पश्चिमी गंग वंश भारत का एक प्राचीन राजवंश था, जिसने कर्नाटक पर राज्य किया. पश्चिमी गंग वंश का शासन काल या अस्तित्व 350 ईस्वी से 1000 ईस्वी तक रहा. पल्लव वंश के पतन के साथ ही बहुत से स्वतंत्र राज्यों और शासकों का …

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चेर राजवंश का इतिहास और राजधानी (Cher vansh History In Hindi).

चेर राजवंश का इतिहास (Cher vansh History In Hindi) दक्षिण भारत से जुड़ा हुआ है. जो आधुनिक कोंकण, मालाबार का तटीय क्षेत्र तथा उत्तरी त्रावणकोर एवं कोचीन तक फैला हुआ था. चेर राजवंश तमिलकम (दक्षिण भारत) के तीन मुख्य राजवंशों में से एक था. इस राजवंश के शासकों ने तमिलनाडु तथा केरल के कुछ हिस्सों …

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चोल वंश या चोल साम्राज्य का इतिहास

चोल साम्राज्य या चोल वंश का इतिहास.

चोल साम्राज्य या चोल वंश का इतिहास देखा जाए तो इस समय में भारत सोने की चिड़िया कहलाता था. लेकिन आज चोल वंश का इतिहास बहुत कम लोग जानते हैं. भारत का यह प्राचीन राजवंश दक्षिण भारत और आसपास के अन्य देशों तक फैला हुआ था. इस अत्यंत शक्तिशाली साम्राज्य का शासनकाल 9वीं शताब्दी से …

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चालुक्य राजवंश का इतिहास

चालुक्य साम्राज्य या चालुक्य राजवंश का इतिहास.

चालुक्य साम्राज्य/चालुक्य राजवंश का इतिहास उठाकर देखा जाए तो इस वंश की स्थापना का श्रेय पुलकेशिन प्रथम को जाता है. चालुक्य वंश का प्रथम शासक और संस्थापक पुलकेशिन प्रथम थे. चालुक्य साम्राज्य या चालुक्य राजवंश की उत्पत्ति को लेकर मतभेद है. वराहमिहिर की कृति “वृहत्संहिता” से प्राप्त जानकारी के अनुसार कुछ विद्वान चालुक्य वंश का …

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Gupta Vansh History in Hindi

गुप्त वंश या गुप्त साम्राज्य का इतिहास (Gupta Vansh History in Hindi).

गुप्त वंश या गुप्त साम्राज्य का इतिहास (Gupta Vansh History in Hindi)-गुप्त वंश का उदय चौथी शताब्दी में उत्तर भारत में हुआ था. गुप्त वंश का शासन या इतिहास भारतीय इतिहास का स्वर्ण काल माना जाता है क्योंकि गुप्त वंश के शासनकाल में अनेक क्षेत्रों में विकास कार्य हुआ. लगभग 300 वर्षों तक शासन करने …

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Pallav Vansh

पल्लव वंश का इतिहास (Pallav Vansh History In Hindi)- 600 वर्षों का स्वर्णिम काल.

पल्लव वंश का इतिहास (Pallav Vansh History In Hindi). गौरवपूर्ण रहा हैं, जिसका उल्लेख इस लेख में विस्तृत रूप में करेंगे. ध्यान योग को चीन में फैलाने वाले बोधिधर्म का जन्म इसी वंश में हुआ इससे बड़ी इस वंश की महानता और क्या हो सकती हैं. पल्लव वंश की स्थापना चौथी शताब्दी में हुई. तेलगु और तमिल क्षेत्र …

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vakataka Vansh history in hindi

वाकाटक वंश का इतिहास (vakataka Vansh history in hindi).

वाकाटक साम्राज्य/वाकाटक वंश का इतिहास (vakataka Vansh history in hindi) बहुत प्राचीन है, इस वंश का उल्लेख पुराणों में भी मिलता है और साहित्य में भी इसकी झलक देखने को मिलती है. वाकाटक वंश की स्थापना 255 ईस्वी में राजा “विंध्यशक्ति” द्धारा की गई थी. इस वंश का सबसे प्रसिद्ध और शक्तिशाली शासक था प्रवरसेन …

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Paurava Vansh History In Hindi

पौरव वंश का इतिहास (Paurava Vansh History In Hindi).

पौरव वंश का इतिहास (Paurava Vansh History In Hindi) या पर्वताकार वंश उत्तराखंड का राजवंश है. पौरव वंश के प्रथम शासक विष्णुवर्मन प्रथम थे. इस वंश की स्थापन छठी शताब्दी से लेकर आठवी शताब्दी के मध्य हुई थी. पौरव वंश का इतिहास (Paurava Vansh History In Hindi) बताने वाले इतिहासकार लिखते हैं कि यह वंश …

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