सिक्किम का इतिहास || History Of Sikkim

सिक्किम का इतिहास बहुत प्राचीन है। सिक्किम का इतिहास से संबंधित जानकारी प्राप्त करने के लिए बौद्ध भिक्षु गुरू रिंपोचे का आठवीं शताब्दी में किया गया सिक्किम का दौरा बहुत महत्वपूर्ण माना जाता हैं। बौद्ध धर्म का प्रचार और प्रसार करने के लिए गुरू रिंपोचे सिक्किम गए। उस समय उन्होंने भविष्यवाणी की आने वाले समय … Read more

चित्तौड़गढ़ का तलवार बाजार

चित्तौड़गढ़ का तलवार (Chittorgarh Sword Market) बाजार जिला मुख्यालय से लगभग 25 किलोमीटर दूर गंगरार नामक गांव में स्थित है यह प्राचीन गांव नेशनल हाईवे के दोनों तरफ बसा हुआ है। अगर आप तलवार, चाकू, छुरी, खुखरी या खंजर खरीदना चाहते हैं तो गंगरार तलवार मार्केट आप के लिए सबसे उपयुक्त हो सकता है। राजा … Read more

आम्रपाली का इतिहास || History Of Amrapali

आम्रपाली कौन थी? सबसे पहले आपको बताते हैं आम्रपाली एक बहुत ही सुंदर कन्या थी जिसे समय के फेर ने नगरवधू बना दिया और बाद में महात्मा बुद्ध की शरण में जाकर भिक्षुणी बन गई। आम्रपाली के जीवन की कहानी में बहुत उतार-चढ़ाव देखने को मिलते हैं। इतिहास के पन्नों को पलटा जाए तो हर्यक … Read more

नागा साधु और अहमद शाह अब्दाली का युद्ध

नागा साधु और अहमद शाह अब्दाली का युद्ध इतिहास के सुनहरे पन्नों से गायब एक ऐसा युद्ध था, जिसने हिंदू समाज के रक्षार्थ अपने प्राणों की आहुति देने वाले नागा साधुओं को अमर कर दिया। लेकिन इस घटना का इतिहास में कहीं भी ज़िक्र देखने को नहीं मिलता है। यह युद्ध अहमद शाह अब्दाली की … Read more

अजातशत्रु का इतिहास || History Of Ajatshatru

अजातशत्रु कौन था? यह जानने से पहले अजातशत्रु का अर्थ जानना जरूरी हैं। अजातशत्रु का अर्थ होता हैं “शत्रुविहीन” अर्थात् जिसका कोई दुश्मन या शत्रु पैदा नहीं हुआ हो। अब बात करते हैं कि अजातशत्रु कौन था, अजातशत्रु हर्यक वंश के प्रथम शासक बिंबिसार के पुत्र थे। अपने पिता को मौत के घाट उतारकर अजातशत्रु … Read more

लाल कोट का इतिहास || History Of Lal Kot

लाल क़िला के निर्माण को लेकर हमेशा से दो फाड़ रहे हैं। एक पक्ष कहता है लाल क़िले का निर्माण मुग़ल बादशाह शाहजहां द्वारा 1648 ईस्वी में किया गया जबकि दुसरे पक्ष अनुसार लाल क़िले का निर्माण अनंगपाल सिंह तोमर द्वितीय ने 1060 ईस्वी में करवाया था। पूर्व में इस किले का नाम लाल कोट … Read more

बिम्बिसार का इतिहास कहानी || History Of Bimbisara

बिम्बिसार मगध साम्राज्य का सम्राट था जिन्होंने हर्यक वंश की स्थापना की। बिम्बिसार का शासनकल 558 ईसा पूर्व से 491 ईसा पूर्व तक शासन किया था। बिम्बिसार बौद्ध धर्म के अनुयाई थे लेकिन बाद में उन्होंने रानी चेलमा के उपदेशों से प्राभावित होकर जैन धर्म अपना लिया। पुराणों के अनुसार बिम्बिसार को “श्रेणिक” नाम से … Read more

हर्यक वंश का इतिहास || History Of Haryak Vansh

हर्यक वंश को भारत के सबसे प्राचीन वंशजों में से एक माना जाता हैं। 544 ईसा पूर्व बिंबिसार द्वारा हर्यक वंश की स्थापना की गई थी। बिंबिसार ने गिरिव्रज अर्थात् राजगृह को अपनी राजधानी बनाया था जो की वर्तमान बिहार में स्थित हैं। राजा बिम्बिसार को हर्यक वंश का संस्थापन माना जाता हैं। इतना ही … Read more

ओलंपिक में भारत का इतिहास और पहला गोल्ड मेडल

ओलंपिक में भारत का इतिहास 1896 ईस्वी में हुए प्रथम ओलंपिक खेलों के साथ शुरू हुआ था। ओलंपिक इतिहास में भारत ने पहला गोल्ड मेडल 1928 में जीता था, यह मेडल भारत को हॉकी टीम ने दिलाया। ओलंपिक खेलों का इतिहास लगभग 125 साल पुराना है। ओलंपिक में भारत का इतिहास देखा जाए तो भारत … Read more

भाई तारु सिंह का इतिहास || History Of Bhai Taru Singh

भाई तारु सिंह का इतिहास संपूर्ण भारत के लिए गर्व का विषय हैं। सिख समुदाय ने अरदास में भाई तारु सिंह की शहीदी को जगह दी हैं। साथ ही अपने गुरुओं के सम्मान और सिख समुदाय की मान मर्यादा को सर्वोपरी रखने के लिए उन्हें “भाई” कहकर पुकारा जाता हैं। “सिर जाए तां जाए, मेरा … Read more