लाखोटा बारी चित्तौड़गढ़ का इतिहास और रहस्य | Lakhota Baari Chittorgarh History

लाखोटा बारी (Lakhota Baari) चित्तौड़गढ़ फोर्ट के उत्तरी छोर पर स्थित एक अत्यंत महत्वपूर्ण और ऐतिहासिक उत्तरमुखी गुप्त द्वार है। स्थापत्य कला के अद्भत संरक्षक महाराणा कुम्भा द्वारा निर्मित यह गुप्त द्वार मेवाड़ की सामरिक सुरक्षा (Strategic Security) व्यवस्था का एक अटूट हिस्सा रहा है। भारतीय इतिहास में चित्तौड़गढ़ का इतिहास अपनी अभेद्य बनावट, अदम्य … Read more

ओलंपिक में घुड़सवारी का इतिहास और नियम

ओलंपिक में घुड़सवारी का इतिहास:- ओलंपिक में घुड़सवारी का इतिहास बहुत प्राचीन हैं, हजारों वर्ष पूर्व जब से इंसानों ने घोड़ों को पालना शुरू किया तब से इनका और इंसानों का रिश्ता बहुत गहरा रहा हैं. धीरे-धीरे घुड़सवारी ने खेल का रूप ले लिया. घुड़सवारी (Equestrian) का मानव सभ्यता के साथ-साथ विकास हुआ हैं. घुड़सवारी … Read more

खाटू श्याम का इतिहास कहानी कथा

खाटू श्याम मंदिर सीकर (राजस्थान) में स्थित हैं. खाटू श्याम का इतिहास बहुत प्राचीन हैं. आज से लगभग 1000 वर्ष पूर्व में इस मंदिर का निर्माण हुआ था. सीकर जिला मुख्यालय से 43 किलोमीटर दूर खाटू नामक गाँव में बाबा खाटू श्याम का प्राचीन मंदिर हैं. इस मंदिर में भगवान श्री कृष्ण और बर्बरीक की … Read more

अहिल्याबाई होल्कर जीवन परिचय, इतिहास, निबंध, जयंती जीवनी 2025

अहिल्याबाई होल्कर जीवन परिचय (Ahilyabai Holkar Biography & History)- अहिल्याबाई होल्कर एक ऐसी शसक्त महिला और रानी थी जिसका जीवन बहुत प्रेरणादायक रहा. महाराष्ट्र के एक छोटे से गाँव में जन्म लेने वाली अहिल्याबाई ने अपने जीवन में बहुत संघर्ष किया. अहिल्याबाई होल्कर मालवा की रानी थी. एक महान योद्धा और कुशल तीरंदाज होने के … Read more

सेंगोल का इतिहास || History Of Sengol

सेंगोल एक तरह का राजदंड हैं, जो सत्ता हस्तांतरण के समय दिया जाता हैं. सेंगोल को समृद्धि का प्रतीक माना जाता हैं. इसका इतिहास और कहानी मौर्य साम्राज्य के समय से देखने को मिलती हैं लेकिन इसका प्रचलन चोल साम्राज्य में ज्यादा था. ऐसा कहा जाता हैं कि जिसे भी यह राजदंड मिलता हैं वह … Read more

मणिपुर का इतिहास || History Of Manipur

मणिपुर का इतिहास बहुत गौरवपूर्ण रहा हैं, इस राज्य ने प्राचीनकाल से लेकर आज तक अपनी सांस्कृतिक विरासत को बचा कर रखा हैं. मणिपुर एक पूर्वी राज्य हैं जो भारत के नार्थ-ईस्ट में स्थित हैं. यह राज्य अपनी सांस्कृतिक और ऐतिहासिक महत्ता के लिए विश्विख्यात हैं. आधुनिक मणिपुरी साम्राज्य की स्थापना का श्रेय राजा बोधचन्द्र … Read more

राजा दशरथ की कहानी कथा और जीवन परिचय

राजा दशरथ की कहानी, कथा, जीवन परिचय- राजा दशरथ की कहानी की शुरुआत अयोध्या से होती हैं. इक्ष्वाकु वंश में जन्म लेने वाले राजा दशरथ प्रजाप्रिय,न्यायप्रिय और अपने वचनों के प्रति पूर्ण रूप से समर्पित थे. राजा दशरथ की कथा के अनुसार वो एक आदर्श महाराजा और पुत्रों को अतिप्रेम करने वाले राजा के रूप … Read more

रावल खुमाण द्वितीय का इतिहास: मेवाड़ के वीर योद्धा जिन्होंने अरबों को खदेड़ा | Rawal Khuman 2

रावल खुमाण द्वितीय का इतिहास: मेवाड़ के वीर योद्धा जिन्होंने अरबों को खदेड़ा | Rawal Khuman 2

रावल खुमाण द्वितीय का इतिहास (Rawal Khuman 2)- रावल खुमाण एक ऐसे वीर योद्धा थे, जिन्होंने भारत के राजाओं को अरबों के खिलाफ एक छत्र के निचे लाकर खड़ा कर दिया। रावल खुमाण बप्पा रावल के वंशज थे। इन्होंने सम्पूर्ण भारत के लगभग 1200 राजाओं को अरबी आक्रांताओं से लड़ने के लिए बुलाया, लेकिन 40 … Read more

राणा पूंजा भील थे या राजपूत?

राणा पूंजा भील थे या राजपूत- राणा पूंजा को लेकर एक नया विवाद पिछले कुछ समय से शुरु हुआ है कि राणा पूंजा भील थे या राजपूत? राणा पूंजा महाराणा प्रताप के मुंह बोले भाई थे, जिन्होंने 18 जून 1576 ईस्वी में हुए हल्दीघाटी के युद्ध में दुश्मनों के दांत खट्टे कर दिए थे. इतना … Read more

महाराणा प्रताप कि पत्नियां-परिवार || Maharana Pratap Family Tree

क्या आप जानते हैं कि महाराणा प्रताप की कितनी पत्नियाँ थी? महाराणा प्रताप का परिवार लम्बा-चौड़ा था. अधिकतर लोग महाराणा प्रताप की पत्नी महारानी अजबदे पंवार के बारे में ही जानते हैं लेकिन आपको बता दें कि महाराणा प्रताप की कुल 14 पत्नियाँ थी. इस लेख में आगे आपको महाराणा प्रताप की सभी पत्नियों के … Read more